पारिवारिक पेंशन कितनी मिलेगी — 50% और 30% की दर से पूरा हिसाब
किसी सैनिक या पूर्व सैनिक की मृत्यु के बाद परिवार को जो मासिक पेंशन मिलती है, वह पारिवारिक पेंशन (Family Pension) कहलाती है। कितनी बनेगी, यह तीन बातों से तय होता है — अंतिम मूल वेतन कितना था, मृत्यु किन परिस्थितियों में हुई, और मृत्यु सेवा के दौरान हुई या सेवानिवृत्ति के बाद।
नीचे का कैलकुलेटर यह हिसाब रक्षा पेंशन के नियमों से करता है — सिविल कर्मचारियों वाले CCS नियमों से नहीं। इसीलिए इसमें सैन्य सेवा वेतन (MSP) जुड़ता है, जो सेना की पेंशन की गिनती का हिस्सा है और जिसे इंटरनेट के कई कैलकुलेटर छोड़ देते हैं। और यह आपसे यह पूछता नहीं कि कौन सी पेंशन चाहिए — परिस्थिति के आधार पर ख़ुद बताता है कि आप पर कौन सी लागू होती है।
कैलकुलेटर
आपके भरे आँकड़े इसी ब्राउज़र में रहते हैं — किसी सर्वर को नहीं जाते, कहीं दर्ज नहीं होते। निजता में पूरा ब्योरा। दरें rates.json से आती हैं — वह फ़ाइल जान-बूझकर सार्वजनिक है, ताकि कोई भी जाँच सके कि यह साइट किस आधार पर गिनती कर रही है।
आप पर कौन सी पारिवारिक पेंशन लागू होती है
यही वह बात है जो ज़्यादातर परिवारों को कोई नहीं बताता। पारिवारिक पेंशन एक नहीं, तीन तरह की होती है, और दरों का फ़र्क़ बड़ा है:
| कौन सी | कब लागू | दर |
|---|---|---|
| साधारण (Ordinary) | मृत्यु का सेवा से कोई संबंध नहीं — सेवा में रहते या सेवानिवृत्ति के बाद | 30% (शुरुआती वर्षों में 50%) |
| विशेष (Special) | मृत्यु सेवा से जुड़े कारण से — सक्षम प्राधिकारी की स्वीकृति पर | 60% |
| उदारीकृत (Liberalised) | युद्ध, ऑपरेशन या उग्रवाद-विरोधी कार्रवाई में शहादत — स्वीकृत श्रेणी पर | 100% |
कौन सी श्रेणी मंज़ूर होगी, यह रिकॉर्ड ऑफ़िस की जाँच और सक्षम प्राधिकारी की स्वीकृति से तय होता है — परिवार के चुनने से नहीं। इन तीनों का पूरा ब्योरा, पात्रता और एक-दूसरे से फ़र्क़ अलग पन्ने पर है: पारिवारिक पेंशन के प्रकार।
यह कैसे बनती है — पूरा हिसाब
गिनती का आधार है आख़िरी वेतन — नियमों की भाषा में reckonable emoluments — यानी:
अंतिम मूल वेतन + सैन्य सेवा वेतन (MSP)
MSP सातवें वेतन आयोग से हर सैनिक के वेतन का हिस्सा है — JCO/OR के लिए ₹5,200 और कमीशंड अधिकारियों के लिए ₹15,500 प्रति माह — और पेंशन की गिनती में जुड़ता है। जो कैलकुलेटर सिविल CCS नियमों पर बना है, वह MSP पूछता ही नहीं — नतीजा हर बार कम निकलता है। इसी फ़र्क़ के लिए यह पन्ना बना है।
फिर परिस्थिति के हिसाब से दर लगती है:
- सामान्य दर — आख़िरी वेतन (मूल वेतन + MSP) का 30%, पर ₹9,000 प्रति माह से कम कभी नहीं।
- बढ़ी हुई दर — आख़िरी वेतन का 50%। सेवा में मृत्यु पर मृत्यु की तारीख़ से 10 वर्ष तक। सेवानिवृत्ति के बाद मृत्यु पर 7 वर्ष या जब तक दिवंगत 67 वर्ष के होते, जो पहले आए — और इस स्थिति में बढ़ी हुई दर दिवंगत की अपनी पेंशन से ज़्यादा नहीं हो सकती। अवधि पूरी होने पर सामान्य दर (30%) शुरू होती है।
- विशेष पारिवारिक पेंशन — आख़िरी वेतन का 60%, जब मृत्यु सेवा से जुड़े कारण से मानी जाए — और इसका अपना न्यूनतम ₹18,000 प्रति माह है।
- उदारीकृत पारिवारिक पेंशन — आख़िरी वेतन के बराबर (100%), युद्ध या ऑपरेशन में शहादत पर।
जो भी दर बने, उस पर महँगाई राहत (DR) अलग से जुड़ती है — इस समय 60%, 1 जनवरी 2026 से लागू। रुपये का अंश हमेशा अगले पूरे रुपये तक ऊपर गिना जाता है।
उदाहरण-तालिका — मूल वेतन के हिसाब से
नीचे की तालिका उदाहरण है (JCO/OR, MSP ₹5,200 जोड़कर)। अपना अंतिम मूल वेतन अपनी अंतिम वेतन-पर्ची या PPO (पेंशन भुगतान आदेश) से लीजिए — रैंक एक होने पर भी सेवा-वर्षों के हिसाब से मूल वेतन अलग-अलग होता है।
| अंतिम मूल वेतन | + MSP = आधार | सामान्य दर 30% | बढ़ी हुई दर 50% |
|---|---|---|---|
| ₹21,700 | ₹26,900 | ₹9,000* | ₹13,450 |
| ₹25,500 | ₹30,700 | ₹9,210 | ₹15,350 |
| ₹29,200 | ₹34,400 | ₹10,320 | ₹17,200 |
| ₹35,400 | ₹40,600 | ₹12,180 | ₹20,300 |
| ₹44,900 | ₹50,100 | ₹15,030 | ₹25,050 |
| ₹52,000 | ₹57,200 | ₹17,160 | ₹28,600 |
* 30% से ₹8,070 बनता, पर न्यूनतम पारिवारिक पेंशन ₹9,000 है — इसलिए ₹9,000।
तीन असली स्थितियाँ, पूरे हिसाब के साथ
1 — सेवा में रहते मृत्यु, कारण सेवा से असंबंधित
हवलदार, अंतिम मूल वेतन ₹29,200। आधार = 29,200 + 5,200 = ₹34,400। पत्नी को पहले 10 वर्ष बढ़ी हुई दर से ₹17,200 प्रति माह, उस पर 60% महँगाई राहत ₹10,320 — यानी हाथ में ₹27,520। दस वर्ष बाद सामान्य दर: ₹10,320 + DR ₹6,192 = ₹16,512 (DR की दर तब की चलेगी)।
2 — सेवानिवृत्ति के बाद मृत्यु, आयु 62
वही वेतन, अपनी पेंशन ₹15,000 थी। बढ़ी हुई दर 50% से ₹17,200 बनती, पर वह दिवंगत की अपनी पेंशन से ज़्यादा नहीं हो सकती — इसलिए ₹15,000। अवधि: 67 पूरे होने तक, यानी 5 वर्ष। फिर सामान्य दर ₹10,320।
3 — कम वेतन, न्यूनतम का सहारा
सिपाही, अंतिम मूल वेतन ₹21,700। आधार ₹26,900, 30% से ₹8,070 ही बनता — पर पारिवारिक पेंशन ₹9,000 से नीचे नहीं जाती। पेंशन ₹9,000 + DR ₹5,400 = ₹14,400।
कौन से काग़ज़ लगेंगे
दावे की प्रक्रिया अब SPARSH पर चलती है। मोटे तौर पर तैयार रखिए:
- PPO — इसमें पारिवारिक पेंशन का endorsement पहले से है या नहीं, यही सबसे पहले देखिए
- मृत्यु प्रमाण पत्र
- दावेदार का आधार, बैंक खाते का ब्योरा (या संयुक्त खाता जो पहले से PPO में दर्ज हो)
- सेवा/डिस्चार्ज दस्तावेज़ — डिस्चार्ज बुक
कौन सा फ़ॉर्म किस स्थिति में लगेगा, यह रिकॉर्ड ऑफ़िस/SPARSH (रक्षा पेंशन का सरकारी portal) की सूचना से तय होता है — फ़ॉर्म हमेशा आधिकारिक SPARSH पोर्टल से ही लीजिए, किसी और साइट से नहीं।
आयकर में क्या स्थिति है
पारिवारिक पेंशन वेतन नहीं, "अन्य स्रोतों से आय" गिनी जाती है, और उस पर सीमित कटौती मिलती है। एक बड़ा अपवाद: ऑपरेशन में शहादत से जुड़ी स्थितियों में परिवार को मिलने वाली पेंशन आयकर से पूरी छूट पा सकती है (धारा 10(19))। धाराओं समेत पूरी तस्वीर अलग पन्ने पर है: पेंशन और आयकर — filing अपने कर-सलाहकार के साथ कीजिए।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
पारिवारिक पेंशन कब तक मिलती है?
पत्नी/पति को जीवन भर (पात्रता बनी रहने पर)। उसके बाद नियमों के क्रम से पात्र संतान को — अविवाहित/निर्भर रहने की शर्तों के साथ। हर स्थिति का क्रम PPO और नियमों से तय होता है।
क्या MSP सचमुच पेंशन में जुड़ता है?
हाँ — सातवें वेतन आयोग से MSP पेंशन की गिनती वाले वेतन का हिस्सा है। अगर किसी कैलकुलेटर में MSP का खाना नहीं है, तो वह सिविल नियमों पर बना है और सेना के परिवार के लिए हर बार कम आँकड़ा देगा।
न्यूनतम पारिवारिक पेंशन कितनी है?
₹9,000 प्रति माह, और उस पर महँगाई राहत अलग से। हिसाब चाहे जितना कम निकले, इससे नीचे नहीं जाता। विशेष पारिवारिक पेंशन का अपना न्यूनतम इससे ऊँचा — ₹18,000 प्रति माह — है।
महँगाई राहत (DR) कितनी है और कब बदलती है?
इस समय 60% (1 जनवरी 2026 से)। साल में दो बार संशोधित होती है — जनवरी और जुलाई से। बदलते ही यह पन्ना और rates.json अद्यतन होते हैं।
पुनर्विवाह के बाद पेंशन का क्या होता है?
स्थिति पर निर्भर है — पेंशन का प्रकार, संतान, और आय जैसी शर्तें लागू होती हैं। यहाँ ग़लत सामान्यीकरण करने के बजाय सीधा कहना ठीक है: यह वाला फ़ैसला अपने रिकॉर्ड ऑफ़िस से लिखित में पुष्टि कीजिए।
यह कैलकुलेटर जो आँकड़ा देता है, क्या वही मिलेगा?
यह नियमों से बना अनुमान है, अधिकार-पत्र नहीं। असली स्वीकृति PPO से होती है। फ़र्क़ दिखे तो हमें बताइए — या तो हम सुधारेंगे, या यह समझने में आपकी मदद करेंगे कि फ़र्क़ क्यों है।
यह जानकारी कहाँ से ली गई
- महँगाई राहत 60% (01.01.2026 से): DoP&PW कार्यालय ज्ञापन सं. 42/02/2024-P&PW(D), दिनांक 24 अप्रैल 2026 — इसमें स्पष्ट लिखा है कि दरें Armed Forces Pensioners/Family Pensioners पर लागू हैं।
- पारिवारिक पेंशन की दरें (30% / 50% / 60% / 100%) और गोलाई का नियम: रक्षा मंत्रालय/DESW पत्र सं. 17(01)/2017(02)/D(Pen/Pol), दिनांक 5 सितंबर 2017 — पैरा 5.4, 5.5, 5.6, नोट-1; MSP गिनती (emoluments) में — उसी पत्र का पैरा 4। खंड पढ़कर मिलाए गए, 2 अगस्त 2026।
- विशेष (60%) और उदारीकृत (100%) दरें: उसी पत्र के पैरा 5.5 और 5.6; मूल casualty-awards पत्र सं. 1(2)/97/D(Pen-C), दिनांक 31 जनवरी 2001 (पैरा 5.3 में नामित)। पढ़कर मिलाए गए, 2 अगस्त 2026।
- न्यूनतम पारिवारिक पेंशन ₹9,000: PCDA (Pensions) परिपत्र 570, पैरा 4.4–5। बढ़ी हुई दर की अवधियाँ और सीमा: सेना पेंशन विनियम, भाग-I, विनियम 64(b)। विशेष पारिवारिक पेंशन का अपना न्यूनतम ₹18,000: विनियम 113 और 120। खंड पढ़कर मिलाए गए, 2–3 अगस्त 2026।
- MSP (₹5,200 / ₹15,500): Army Officers Pay Rules, 2017 और Army Pay Rules, 2017 (PBOR) — भारत का राजपत्र, असाधारण, S.R.O. 12(E) और S.R.O. 9(E), अधिसूचित 3 मई 2017; दोनों में Rule 5(2)(ii), और Rule 5(2)(iii): सैन्य सेवा वेतन "महँगाई भत्ते और पेंशन की गणना के लिए वेतन गिना जाएगा"। गजट की PDF mod.gov.in से 3 अगस्त 2026 को पढ़ी गई।
- सारी दरें एक जगह: /data/rates.json — दिनांकित, सार्वजनिक।
ज़रूरी बात
यह पन्ना बताता है कि नियम और परिपत्र क्या कहते हैं। यह सरकारी वेबसाइट नहीं है और यहाँ का आँकड़ा अधिकार-पत्र नहीं है। अपना मामला अपने रिकॉर्ड ऑफ़िस या पेंशन देने वाले दफ़्तर से पुष्टि करें।
इस पन्ने में कोई ग़लती दिखी? बताइए — सुधार सार्वजनिक रूप से दर्ज होता है।